vidus

Eternal Learner

कर्म

जीवन के झोंके

बाधाओं के झोंके

विपत्तियों की मार

समय की पुकार

क्या कहते है?

कभी न होना निराश

हृदय कभी पराजित न होना

जीवन संग्राम पथ पर

नित्य अग्रसर होना ।

जीवन का हो लक्ष्य यही

कि कर्म मय जीवन जिया जाय

सफलता और असफलता के बीच

एक सीढी का अंतर है

उसके पूर्व कर्म ही प्रधान है ।

विद्या

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